तेरे ही घर के Tere Hi Ghar Ke Hindi Lyrics – Yasser Desai

Tere Hi Ghar Ke Lyrics in Hindi

तेरे ही घर के रस्तों पर
अब मेरा दम निकले
जाउँ जहां भी तेरी ही बाहों
में हर पल निकले

चाहे मिले सौ सौ ग़म
फिर भी तुझसे ही हम संभले
तेरे ही घर के रस्तों पर
अब मेरा दम निकले

खुद को मेरे यारा तुझपे लूटा दिया
मंज़िल को अपनी तेरा रस्ता बना लिया
बन जाउँ दवा तेरे सारे ग़म की
ख्वाब यही रहे
तेरे ही घर के रस्तों पर
अब मेरा दम निकले

वाजिब है इश्क़ में तेरे
ऐसा जुनून मिले
जब भी तुझको देखूँ
फिर ही सुकून मिले
ना दूर तू मुझसे हो जाये
हर धड़कन ये कहे

तेरे ही घर के रस्तों पर
अब मेरा दम निकले
जाउँ जहां भी तेरी ही बाहों
में हर पल निकले

SHARE ON